बिग ब्रेकिंग: अब कभी नही दिखेंगे MS Dhoni, इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर कर किया ऐलान
हमरNews:
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने इंटरनेशल क्रिकेट से संन्यास का एलान कर दिया है, हालांकि, वे आईपीएल में खेलते रहेंगे, अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में उन्होंने सपोर्ट के लिए अपने फैंस का धन्यवाद किया और कहा कि उन्हें रिटायर मान लिया जाए धोनी ने दिसंबर 2004 में बांग्लादेश के खिलाफ वनडे खेलकर इंटरनेशनल क्रिकेट में पदार्पण किया था।
महेंद्र सिंह धोनी टेस्ट क्रिकेट से पहले ही संन्यास ले चुके हैं.
धोनी ने भारत के लिए अपना आखिरी टेस्ट मैच दिसंबर 2014 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न में खेला था इसके अलावा धोनी ने अपना आखिरी टी-20 इंटरनेशनल मैच फरवरी 2019 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बेंगलुरु में खेला था, जबकि वर्ल्ड कप सेमीफाइनल (9-10 जुलाई 2019) उनका आखिरी वनडे इंटरनेशनल रहा।
धोनी वर्ल्ड क्रिकेट में इकलौते ऐसे कप्तान हैं, जिन्होंने आईसीसी की तीन बड़ी ट्रॉफी जीती है. धोनी की कप्तानी में टीम इंडिया आईसीसी वर्ल्ड टी-20 (2007), क्रिकेट वर्ल्ड कप (2011) और आईसीसी चैम्पियंस ट्रॉफी (2013) का खिताब जीत चुकी है. इसके अलावा भारत 2009 में पहली बार टेस्ट में नंबर-1 बना था।
2014 में अचानक टेस्ट क्रिकेट को कह दिया था अलविदा
धोनी के इस अचानक संन्यास के फैसले ने सभी को हैरान कर दिया। धोनी ने सबसे पहले 30 दिसंबर 2014 को टेस्ट टीम से अचानक संन्यास ले लिया था। उनके इस फैसले से हर कोई हैरान था। धोनी ने भारत के लिए 90 टेस्ट मैच खेले। उन्हीं की कप्तानी में भारतीय टीम टेस्ट में दुनिया की नंबर एक टीम बनी। टीम इंडिया उस समय ऑस्ट्रेलिया दौरे पर थी। दोनों टीमों के बीच चार मैचों की टेस्ट सीरीज का तीसरा टेस्ट मैच मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में खेला गया था। मैच ड्रॉ पर खत्म हुआ और इस टेस्ट के बाद धोनी ने सबको चौंकाते हुए टेस्ट क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी थी।
2017 में अचानक छोड़ दी थी लिमिटेड ओवर्स की कप्तान
साल 2014 में बीच सीरीज में टेस्ट क्रिकेट से संन्याल लेने वाले धोनी ने एक बार फिर उसी अंदाज में वनडे और टी20 कप्तानी को भी अलविदा कह दिया था। 2007 में टी20 वर्ल्ड कप, 2011 में भारत को वनडे वर्ल्ड कप और 2013 में चैंपियंस ट्रॉफी भारत को जिताने वाले खिलाड़ी महेंद्र सिंह धोनी ने 2017 में वनडे और टी20 टीम की कप्तानी छोड़ी थी। धोनी के कप्तानी छोड़ने की जानकारी बीसीसीआई ने 4 जनवरी 2017 को एक ट्वीट के जरिये दी थी।
धोनी की बड़ी उपलब्धियां
- क्रिकेट वर्ल्ड कप (2011)
- टी-20 वर्ल्ड कप (2007)
- चैम्पियंस ट्रॉफी (2013)
- आईपीएल खिताब (2010, 2011, 2018)
- चैम्पियंस लीग टी-20 खिताब (2010, 2014)
- अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में प्रदर्शन
- 10,773 वनडे रन, विकेट के पीछे 444 शिकार
- 4,876 टेस्ट रन, विकेट के पीछे 294 शिकार
- 1,617 टी-20 इंटरनेशनल रन, विकेट के पीछे 91 शिकार
चौंकाना माही की पुरानी आदत में शुमार
अपने करियर को लेकर ही नहीं, बल्कि अहम मैचों के महत्वपूर्ण मौकों पर भी अक्सर धोनी ने अपने फैसलों चौंकाया है। 2007 टी-20 वर्ल्ड कप में अंतिम ओवर जोगिंदर शर्मा को देकर, 2008 में ऑस्ट्रेलिया- श्रीलंका के साथ त्रिकोणीय सीरीज में सौरव गांगुली और राहुल द्रविड़ जैसे सीनियर खिलाड़ियों को ड्रॉप कर, 2011 के वर्ल्ड कप में खुद को पांचवें नंबर पर प्रमोट कर, सीबी सीरीज 12-13 में खिलाड़ियों को रोटेट करना, 2013 में रोहित शर्मा से ओपनिंग कराने का निर्णय लेना जैसे कई फैसले रहे हैं, जिन्हें लेकर धोनी ने फैन्स, खिलाड़ियों और दिग्गजों को हैरानी में डाल दिया था।
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